नीले आसमां में बादल का कारवां
जेठ दुपहरी में आ गया
श्वेत-सी सूरत
धुंधला-सा
एकदम सुखा-सुकडा
तड़पते देखा
छटकते देखा
एक बूँद का प्यासा
अथाह गागर लिए
खुली है धरती तेरे सामने
डूब जा
सुखा ले सारी मस्तियाँ
जेठ देखेगा,जलेगा
तेरा भी अभिमान है
अहंकार है
घेर ले चारों ओर से
निगल जा नभ का तारा
कर दे अंधियार
अपनी बैछारों के वेग से
तोड़ दे अचल का सिना
उड़ेल दे छोटी धारा में यौवन
चंचल कर दे उसका मन
लांघ ले वो किनारों कों
फिर चल हो जा रवाँ
नीले आसमां में बादल का कारवां
जय हिन्द
जेठ दुपहरी में आ गया
श्वेत-सी सूरत
धुंधला-सा
एकदम सुखा-सुकडा
तड़पते देखा
छटकते देखा
एक बूँद का प्यासा
अथाह गागर लिए
खुली है धरती तेरे सामने
डूब जा
सुखा ले सारी मस्तियाँ
जेठ देखेगा,जलेगा
तेरा भी अभिमान है
अहंकार है
घेर ले चारों ओर से
निगल जा नभ का तारा
कर दे अंधियार
अपनी बैछारों के वेग से
तोड़ दे अचल का सिना
उड़ेल दे छोटी धारा में यौवन
चंचल कर दे उसका मन
लांघ ले वो किनारों कों
फिर चल हो जा रवाँ
नीले आसमां में बादल का कारवां
जय हिन्द

